बिलासपुर मे वापसी कि कर रहा महाभ्रष्ट जिला कार्यक्रम अधिकारी तैयारी, आखिर कौन सफेद पोशाक वाला नेता लगा रहा एड़ी चोटी का जोर महिला बाल विकास विभाग के बदनाम जिला कार्यक्रम अधिकारी की सेटिंग तगडी, सीएम एवं विभागीय मंत्री कि मैली न हो जाए पगड़ी
बिलासपुर मे वापसी कि कर रहा महाभ्रष्ट जिला कार्यक्रम अधिकारी तैयारी, आखिर कौन सफेद पोशाक वाला नेता लगा रहा एड़ी चोटी का जोर
महिला बाल विकास विभाग के बदनाम जिला कार्यक्रम अधिकारी की सेटिंग तगडी, सीएम एवं विभागीय मंत्री कि मैली न हो जाए पगड़ी

न्यूज़ छत्तीसगढ़ टुडे (संतोष साहू)
बिलापसुर – महिला बाल विकास विभाग का एक बदनाम भष्ट जिला कार्यक्रम अधिकारी बिलासपुर जिला पर अपनी पदस्थापना के लिए जोर आजमाईस कर रहा है. इनकी तारीफ में जितना लिखा जाए उतना कम है. न्यायधानी पर इनका कार्यकाल अक्सर विवादों में रहा यहा तक साहब के कारनामें कि वजह से पूर्व मे विभाग की मंत्री को शर्मिंदा होना पड़ा था. बिलासपुर पदस्थापना के दौरान अपने कार्यालय के अंदर किसी महिला समूह कि सदस्य (st. Sc ) को धमकाना, दुर्व्यवहार करना इस साहब के लिए आम बात है. बल्कि परिणाम अजाक थाना का चक्कर काट कर ही क्यों न चुकाना पड़े. सो वह काम भी साहब निर्लजता के साथ आसानी से कर लेते हैं ऐसे महान अनुभूति को पुनः जिला बिलासपुर महिला बाल विकास विभाग मे जिला कार्यक्रम अधिकारी के रूप में पदस्थापना देने की प्रशासनिक गलियारों में चर्चा हो रही है. इनकी पद स्थापना के लिए सत्ता दल का एक सफेद पोशाक वाला नेता कंधे से कंधा मिलाकर लगा हुआ है.
गौरतलब कि छत्तीसगढ़ प्रदेश में राज्य गठन उपरांत वर्ष 2003 से लेकर 2018 तक भारतीय जनता पार्टी की सरकार थी इस दौरान अधिकांश समय जिला कार्यक्रम अधिकारी बिलासपुर के रूप में वह भ्रष्ट अधिकारी ने चांदी काटा है. लंबे समय तक अंगद के पांव की तरह जमे रहना और स्थानांतरण नीति को ठेंगा दिखाकर बिलासपुर में ही खंबा गाड़ कर रहना उक्त अधिकारी की फितरत बन चुकी है. बताया जाता है कि इनके आगे संचालनालय , मंत्रालय के बड़े-बड़े अधिकारी, हुक्मरान पानी भरते हैं. क्योंकि सरकार कांग्रेस, भाजपा किसी की भी रहे चलती तो साहब की है. यह हम नहीं कह रहे हैं बल्कि बिलासपुर जिला पर लगातार पदस्थापन संकेत कर रही है.
साहब कि सेटिंग का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि जब वर्ष 2018 के पूर्व प्रदेश मे भारतीय जनता पार्टी की सरकार रही. तब यही भ्रष्ट अधिकारी ने परसदा वाले बाबा कि सेवा कर जिला बिलासपुर पर राज किया. विधानसभा चुनाव 2018 संपन्न होने के बाद प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनी.लोगो ने आस लगाया कि अब तो यह खरपतवार को दूर कही फेका जायेगा. उन दिनों महिला बाल विकास विभाग मंत्री अनीला भेडिया जी के सहयोगी के रूप में कार्य कर रहे एक सज्जन ने प्रयास कर उक्त जिला कार्यक्रम अधिकारी को जिला बिलासपुर से नक्सली क्षेत्र में स्थानांतरण कराया लेकिन साहब तो बड़ी सेटिंग बाज निकले और उन दिनों तखतपुर के एक नेता को जीजी – जीजी बोलकर अपना काम निकलवा लिया.बल्कि उनके दम पर अपना संशोधित स्थानांतरण आदेश बिलासपुर जिला से 50 किलोमीटर के अंतराल मे बने एक नए जिला पर अपनी पदस्थापना करवा लिया. इसीलिए विभाग में कहा जाता है कि साहेब का बड़ा जलवा है
महिला बाल विकास मंत्री को सलाह
छत्तीसगढ़ प्रदेश में महिला बाल विकास विभाग कि कमान इन दिनों लक्ष्मी रजवाडे जी के पास है. वहीं सूत्रों के हवाले से खबर है कि उनके विभाग में जिला कार्यक्रम अधिकारी बिलासपुर के लिए एक भ्रष्ट अधिकारी कि चर्चा हो रही है जो इन दिनों बिलासपुर शहर से लगभग 50 किलोमीटर दूर पर स्थित एक नए जिला पर पदस्थ है
हमारे समाचार को पढ़ने के बाद बरसात के मौसम में भी महिला बाल विकास विभाग का तापमान बढ़ सकता है और इसकी गर्मी का एहसास मुंगेली जिला से लेकर बिलासपुर जिला तक महसूस किया जाएगा. यह बात तो मौसम विभाग से सम्बंधित रही. अब हम अपने असल मुद्दे पर आते हैं. सूत्रों के हवाले से खबर है कि संचालनालय स्तर पर एक महा भष्ट अधिकारी का ट्रांसफर के लिए नोट सीट चलाया जा रहा है. जिसमे संचालनालय के वरिष्ठ अधिकारी का हस्ताक्षर के बाद पूरी फाइल मंत्रालय को जाएगा. जिसके बाद मुख्यमंत्री के पास अनुशंसा के लिए प्रस्तुत किया जा सकता है
अगर ऐसा होता है तो बिलासपुर जिला के लिए दुर्भाग्य की बात होंगी. क्योंकि जो व्यक्ति आम जनता से लेकर महिलाओं के साथ अपने कार्यालय पर दुर्व्यवहार करता हो वह पुनः न्यायधानी आने मे सफल हो जाए तो इससे बड़ी विडंबना की क्या बात होगी. वही जब से स्थानांतरण हवा प्रशासनिक गलियारों में चली है तब से चर्चा हो रही है कि अगर मंत्री जी को अपने विभाग कि छवि बचानी हो और सुचारू रूप से एक अच्छा कार्यकाल को पूरा करना है तो ऐसे खरपतवार (अधिकारी) को बिलासपुर जिला जैसे महत्वपूर्ण स्थान से दूर रखना होगा. नहीं तो वह दिन दूर नहीं कि महिला बाल विकास बिलासपुर जिला कि कमान ऐसे भ्रष्ट अधिकारी के पास होने के कारण पुनः सुर्खियों पर आ जाए और विभागीय मंत्री की छवि धूमिल होने लगे.
वहीं पूरे मामले पर बड़ी दिलचस्प की बात यह है कि बिलासपुर महिला बाल विकास जिला कार्यक्रम अधिकारी पद पर वर्तमान मे कार्य कर रहे अधिकारी को संभवत भनक तक नहीं है. समाचार के अंत में तो बस इतना बोलेंगे कि महिला बाल विकास विभाग का भ्रष्ट अधिकारी की सेटिंग तगडी, अगर ट्रांसफर के खेल मे सफल हुवा तो सीएम एवं विभागीय मंत्री कि मैली न हो जाए पगड़ी. क्रमशः 2

